- एम-पैक्स को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर, दो दिवसीय प्रशिक्षण शुरू
देहरादून। अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस के अवसर पर शनिवार को सहकार भारती उत्तराखंड की ओर से श्रद्धेय लक्ष्मणराव इनामदार एम-पैक्स नेतृत्व प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। माधव सिंह भंडारी किसान भवन में आयोजित दो दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग का उद्घाटन सहकारिता एवं शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने किया। प्रशिक्षण में गढ़वाल मंडल के सात जिलों की 54 एम-पैक्स समितियों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, निदेशक और अन्य निर्वाचित पदाधिकारी भाग ले रहे हैं।

कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत कार्यवाह दिनेश सेमवाल, प्रांत संपर्क प्रमुख अनिल वर्मा, सहकार भारती के राष्ट्रीय संगठन मंत्री संजय पाचपोर, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुनील गुप्ता, प्रदेश अध्यक्ष विनोद कुमार गौड़ सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
प्रथम दिन उत्तराखंड सहकारी संघ के प्रबंध निदेशक आनंद शुक्ल ने “एम-पैक्स का प्रभावी प्रबंधन, वित्तीय सुदृढ़ीकरण एवं किसान सेवा” विषय पर व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि एम-पैक्स को केवल ऋण वितरण तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि बीज, उर्वरक, कृषि यंत्र, डेयरी उत्पाद और अन्य व्यावसायिक गतिविधियों से जोड़कर आर्थिक रूप से मजबूत बनाया जा सकता है।
उन्होंने ऋण वसूली व्यवस्था मजबूत करने, एनपीए कम रखने, समय पर ऑडिट कराने और डिजिटल लेखांकन अपनाने पर जोर दिया। साथ ही ऑनलाइन सेवाओं और मोबाइल एप के माध्यम से पारदर्शिता बढ़ाने की आवश्यकता बताई। प्रशिक्षण के दौरान पदाधिकारियों ने विभिन्न व्यावहारिक समस्याओं पर सवाल पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने समाधान किया।
प्रशिक्षण वर्ग में एडिशनल रजिस्ट्रार सहकारिता सुमन कुमार, नाबार्ड के डिप्टी जनरल मैनेजर भूपेंद्र कुमावत और सहकारी निर्वाचन प्राधिकरण के अशोक शती ने भी विभिन्न विषयों पर जानकारी दी।
प्रदेश अध्यक्ष विनोद कुमार गौड़ ने कहा कि प्रशिक्षण का उद्देश्य नव निर्वाचित पदाधिकारियों में नेतृत्व क्षमता विकसित करना, सहकारी संस्थाओं में सुशासन को मजबूत करना और किसानों की आय बढ़ाने के लिए एम-पैक्स को अधिक सक्षम एवं आत्मनिर्भर बनाना है। कार्यक्रम रविवार को भी जारी रहेगा।
